Ganesh Visarjan

Ganesh Visarjan 2025 date: अनंत चतुर्दशी से पहले इन दिनों में कर सकते हैं बप्पा को विदा, जानें गणेश जी के विसर्जन की तिथियां…

Ganesh Visarjan: हर साल भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि से गणेश उत्सव का शुभारंभ होता है. यह पर्व दस दिनों तक पूरे भक्ति और उत्साह के साथ मनाया जाता है, और अनंत चतुर्दशी के दिन गणपति बप्पा के विसर्जन के साथ इसका समापन होता है. गणेश चतुर्थी का महत्व इसलिए भी विशेष है क्योंकि इसी दिन विघ्नहर्ता, मंगलमूर्ति, प्रथम पूज्य श्री गणेश जी का प्राकट्य हुआ था.

यह उत्सव केवल महाराष्ट्र में ही नहीं, बल्कि पूरे भारतवर्ष और अब तो विदेशों में भी बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है. सार्वजनिक पंडालों में गणेश जी की भव्य प्रतिमाएं स्थापित की जाती हैं, Ganesh Visarjan जहां दस दिनों तक अखंड भजन-कीर्तन, पूजा-पाठ और सांस्कृतिक आयोजन होते रहते हैं. गृहस्थ लोग भी बप्पा की कृपा पाने के लिए अपने घर में गणेश जी को स्थापित करते हैं.

गणेश चतुर्थी Ganesh Visarjan के दिन बप्पा को घर लाकर विधिवत पूजा करने के साथ उसी दिन या फिर डेढ़, तीन, पांच, सात दिन में, या फिर अनंत चतुर्दशी के दिन गणपति बप्पा को जल में विसर्जित करते हैं. Ganesh Visarjan विसर्जन केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं है, बल्कि यह एक गहरा आध्यात्मिक संदेश भी देता है. यदि आप भी घर पर गणपति बप्पा को लेकर आए हैं, तो द्रिक पंचांग और हिंदू पंचांग के अनुसार जान लें कि Ganesh Visarjan गणपति बप्पा को किस तिथि और किस समय विदा करना सबसे शुभ है.

अनंत चतुर्दशी 2025 की तिथि और विसर्जन मुहूर्त: Anant Chaturdashi 2025 date and immersion time

अनंत चतुर्दशी, जो गणेश उत्सव का अंतिम दिन होता है, 6 सितंबर 2025, शनिवार को मनाई जाएगी.

भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष चतुर्दशी तिथि प्रारम्भ: 6 सितंबर 2025 को 03:12 ए एम बजे

भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष चतुर्दशी तिथि समाप्त: 7 सितंबर 2025 को 01:41 ए एम बजे

उदया तिथि के हिसाब से अनंत चतुर्दशी: 6 सितंबर 2025 को

अनंत चतुर्दशी पर गणेश विसर्जन के शुभ मुहूर्त (6 सितंबर 2025, शनिवार)

प्रातः मुहूर्त (शुभ): 07:36 ए एम से 09:10 ए एम तक

अपराह्न मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत): 12:19 पी एम से 05:02 पी एम तक

सायाह्न मुहूर्त (लाभ): 06:37 पी एम से 08:02 पी एम तक

रात्रि मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर): 7 सितंबर को 09:28 पी एम से 01:45 ए एम तक

उषाकाल मुहूर्त (लाभ): 7 सितंबर को 04:36 ए एम से 06:02 ए एम तक

Ganesh Visarjan 2025 date: अनंत चतुर्दशी से पहले इन दिनों में कर सकते हैं बप्पा को विदा

अनंत चतुर्दशी से पहले गणेश विसर्जन के अन्य शुभ मुहूर्त:Other auspicious times for Ganesh immersion before Anant Chaturdashi

Ganesh Visarjan अगर आप पूरे दस दिनों तक बप्पा को नहीं रख सकते हैं, तो हिंदू पंचांग के अनुसार Ganesh Visarjan गणेश चतुर्थी के दिन, डेढ़ दिन बाद, तीसरे दिन, पांचवें दिन या सातवें दिन भी बप्पा का विसर्जन किया जा सकता है. इन दिनों पर विसर्जन के लिए शुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं:

1. गणेश चतुर्थी पर गणेश विसर्जन (27 अगस्त 2025, बुधवार):

अपराह्न मुहूर्त (चर, लाभ): 03:35 पी एम से 06:48 पी एम तक

सायाह्न मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर): 28 अगस्त को 08:12 पी एम से 12:23 ए एम तक

उषाकाल मुहूर्त (लाभ): 28 अगस्त को 03:10 ए एम से 04:33 ए एम तक

2. एक और आधा दिन (डेढ़ दिन) के बाद गणेश विसर्जन (28 अगस्त 2025, बृहस्पतिवार)

प्रातः मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत): 12:22 पी एम से 03:35 पी एम तक

अपराह्न मुहूर्त (शुभ): 05:11 पी एम से 06:47 पी एम तक

सायाह्न मुहूर्त (अमृत, चर): 06:47 पी एम से 09:35 पी एम तक

रात्रि मुहूर्त (लाभ): 29 अगस्त को 12:22 ए एम से 01:46 ए एम तक

उषाकाल मुहूर्त (शुभ, अमृत): 29 अगस्त को 03:10 ए एम से 05:58 ए एम तक

Hayagriva Jayanti 2026 Date And Time : हयग्रीव जयंती तिथि, शुभ मुहूर्त, वेदों के उद्धार की पौराणिक कथा और इसका विशेष आध्यात्मिक महत्व…. Hayagriva Jayanti

Hayagriva Jayanti 2026 Date And Time : हयग्रीव जयंती तिथि, शुभ मुहूर्त, वेदों के उद्धार की पौराणिक कथा और इसका विशेष आध्यात्मिक महत्व….

Hayagriva Jayanti 2026 Mein Kab Hai : सनातन धर्मग्रंथों और प्राचीन पौराणिक परंपराओं में भगवान विष्णु के अनंत अवतारों की…

Putrada Ekadashi 2026 Date And Time : जानिए श्रावण पुत्रदा एकादशी की तिथि, पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और दान का पावन महत्व….. Putrada Ekadashi

Putrada Ekadashi 2026 Date And Time : जानिए श्रावण पुत्रदा एकादशी की तिथि, पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और दान का पावन महत्व…..

Putrada Ekadashi 2026 Mein Kab Hai : सनातन धर्म और हमारी पुरातन वैदिक संस्कृति में एकादशी के व्रतों को सभी…

Jhulan Yatra Utsav 2026: झूलन यात्रा तिथि, पौराणिक कथा, महत्व और प्रमुख कृष्ण मंदिरों में झूलन उत्सव की धूम…. Jhulan Yatra

Jhulan Yatra Utsav 2026: झूलन यात्रा तिथि, पौराणिक कथा, महत्व और प्रमुख कृष्ण मंदिरों में झूलन उत्सव की धूम….

Jhulan Yatra Utsav 2026 Mein kab Hai : सनातन धर्म और वैष्णव परंपरा में भगवान श्री कृष्ण और आदि शक्ति…

3. तीसरे दिन गणेश विसर्जन (29 अगस्त 2025, शुक्रवार):

प्रातः मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत): 05:58 ए एम से 10:46 ए एम तक

अपराह्न मुहूर्त (चर): 05:10 पी एम से 06:46 पी एम तक

अपराह्न मुहूर्त (शुभ): 12:22 पी एम से 01:58 पी एम तक

रात्रि मुहूर्त (लाभ): 09:34 पी एम से 10:58 पी एम तक

रात्रि मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर): 30 अगस्त को 12:22 ए एम से 04:34 ए एम तक

4. पांचवें दिन गणेश विसर्जन (31 अगस्त 2025, रविवार):

प्रातः मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत): 07:34 ए एम से 12:21 पी एम तक

अपराह्न मुहूर्त (शुभ): 01:57 पी एम से 03:32 पी एम तक

सायाह्न मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर): 06:44 पी एम से 10:57 पी एम तक

रात्रि मुहूर्त (लाभ): 1 सितंबर को 01:46 ए एम से 03:10 ए एम तक

उषाकाल मुहूर्त (शुभ): 1 सितंबर को 04:35 ए एम से 05:59 ए एम तक

5. सातवें दिन गणेश विसर्जन (2 सितंबर 2025):

प्रातः मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत): 09:10 ए एम से 01:56 पी एम तक

अपराह्न मुहूर्त (शुभ): 03:31 पी एम से 05:06 पी एम तक

सायाह्न मुहूर्त (लाभ): 08:06 पी एम से 09:31 पी एम तक

रात्रि मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर): 3 सितंबर को 10:56 पी एम से 03:10 ए एम तक

निष्कर्ष गणेश विसर्जन Ganesh Visarjan का पर्व हमें यह याद दिलाता है कि जीवन में हर चीज़ का एक अंत होता है, Ganesh Visarjan और यह चक्र चलता रहता है. बप्पा को विधिवत विदा करने से वे अगले साल वापस आने का न्यौता स्वीकार करते हैं और आपकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं.

अस्वीकरण: यह लेख विभिन्न माध्यमों जैसे ज्योतिषियों, पंचांग, मान्यताओं या फिर धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं. हमारा उद्देश्य महज सूचना पहुंचाना है. इसके सही और सिद्ध होने की प्रामाणिकता नहीं दे सकते हैं. इसके किसी भी तरह के उपयोग करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *