श्रीराम ने रावण को मारने से पहले की थी अपराजिता देवी की पूजा, जानें कारण
महर्षि वेद व्यास ने अपराजिता देवी को आदिकाल की श्रेष्ठ फल देने वाली, देवताओं द्वारा पूजित और त्रिदेव (ब्रह्मा, विष्णु और महेश) द्वारा नित्य ध्यान में लाई जाने वाली देवी कहा है। राम-रावण युद्ध नवरात्रों में हुआ। रावण की मृत्यु अष्टमी-नवमी के संधिकाल में और दाह संस्कार दशमी तिथि को हुआ। इसके बाद विजयदशमी मनाने
श्रीराम ने रावण को मारने से पहले की थी अपराजिता देवी की पूजा, जानें कारण Read More »
KARMASU