KARMASU

Version
File Size 0.00 KB
Downloads 283
Files 1
Published November 10, 2023
Updated July 29, 2024

Srivitthalstotram

श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् भगवान विठ्ठल (कृष्ण) की स्तुति करने वाला एक संस्कृत स्तोत्र है। यह स्तोत्र 16वीं शताब्दी के कवि श्रीकृष्णदास द्वारा रचित है।

श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् के 12 श्लोक हैं, जो प्रत्येक भगवान विठ्ठल के एक विशेष गुण का वर्णन करते हैं। इन श्लोकों में भगवान विठ्ठल की सुंदरता, उनकी शक्ति, उनकी बुद्धि, उनकी दया, उनकी प्रेम, उनकी लीलाओं और उनकी भक्ति का वर्णन किया गया है।

श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् का पहला श्लोक इस प्रकार है:

कृष्णाय वासुदेवाय देवकीसुत गोविंदाय नमो विष्णवे नमो विष्णवे नमो नमो विष्णवे नमः

इस श्लोक का अर्थ है:

कृष्णाय, वासुदेवाय, देवकीसुत गोविंदाय, हे विष्णु, हे विष्णु, हे विष्णु, हे विष्णु, मैं आपको नमस्कार करता हूं।

श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् एक बहुत ही सुंदर और भावपूर्ण स्तोत्र है। यह स्तोत्र भक्तों को भगवान विठ्ठल के प्रेम में लीन होने में मदद करता है।

श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् के कुछ लाभ निम्नलिखित हैं:

  • यह भक्तों को भगवान विठ्ठल के प्रेम में लीन होने में मदद करता है।
  • यह भक्तों को भगवान विठ्ठल के प्रति प्रेम और भक्ति विकसित करने में मदद करता है।
  • यह भक्तों के जीवन में सुख और समृद्धि लाता है।

श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् का पाठ करने के लिए निम्नलिखित विधि का पालन करें:

  • एकांत स्थान में बैठें।
  • अपने सामने भगवान विठ्ठल की मूर्ति या तस्वीर रखें।
  • हाथ में फूल या माला लें।
  • श्लोकों का पाठ करें।

आप श्रीविठ्ठलस्तोत्रम् का पाठ सुबह, शाम या किसी भी समय कर सकते हैं।

Download
or download free
[free_download_btn]
[changelog]

Similar Downloads

No related download found!
KARMASU

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *